दरभंगा में राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्घाटन
जिला एवं सत्र न्यायाधीश, डीएम और एसएसपी ने संयुक्त रूप से किया शुभारंभ
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!RxTv BHARAT | दरभंगा | 14 मार्च 2026
● जिला एवं सत्र न्यायाधीश शिव गोपाल मिश्र ने दीप प्रज्वलित कर किया शुभारंभ
● डीएम कौशल कुमार व एसएसपी जगुनाथ रेड्डी रहे मौजूद
● कुल 28 बेंचों का गठन, विभिन्न प्रकार के मामलों की होगी सुनवाई
● आपसी सहमति से विवादों का त्वरित और सस्ता समाधान लक्ष्य
दरभंगा। बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार, दरभंगा के तत्वावधान में व्यवहार न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का विधिवत उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री शिव गोपाल मिश्र, जिलाधिकारी दरभंगा श्री कौशल कुमार, वरीय पुलिस अधीक्षक श्री जगुनाथ रेड्डी तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार की सचिव श्रीमती आरती कुमारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश शिव गोपाल मिश्र ने कहा कि राष्ट्रीय लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य आपसी सहमति और सुलहनामे के आधार पर विवादों का त्वरित, सुलभ एवं सस्ता समाधान सुनिश्चित करना है। लोक अदालत के माध्यम से विशेष रूप से शमनीय (कंपाउंडेबल) मामलों की सुनवाई कर उनका निस्तारण किया जाएगा, जिससे न्यायालयों में लंबित मामलों का बोझ कम होगा और आम लोगों को जल्द न्याय मिल सकेगा।
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल संचालन के लिए बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार दरभंगा द्वारा कुल 28 बेंचों का गठन किया गया है। इनमें व्यवहार न्यायालय दरभंगा में 16, व्यवहार न्यायालय बेनीपुर में 05 तथा व्यवहार न्यायालय बिरौल में 07 बेंच शामिल हैं।

राष्ट्रीय लोक अदालत में विभिन्न प्रकार के मुकदमों की सुनवाई की जा रही है। इनमें मुकदमा पूर्व एवं न्यायालयों में लंबित वाद जैसे—शमनीय आपराधिक वाद, एनआई एक्ट की धारा 138 से जुड़े मामले, बैंक ऋण वसूली वाद, मोटर दुर्घटना दावा वाद, श्रम विवाद, बिजली एवं पानी बिल संबंधी विवाद, वैवाहिक विवाद, भूमि अधिग्रहण वाद तथा सेवा संबंधी मामले शामिल हैं। इसके अलावा किराया, निषेधाज्ञा, संविदा से जुड़े दीवानी वाद और बीएसएनएल सहित विभिन्न संस्थानों से जुड़े मामलों का भी आपसी सहमति से निष्पादन किया जाएगा।

इस अवसर पर विभिन्न बेंचों के पीठासीन पदाधिकारी, अधिवक्ता, न्यायालय कर्मी तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने आम नागरिकों से अपील की कि वे लोक अदालत के माध्यम से अपने विवादों का आपसी सहमति से समाधान कर न्यायिक प्रक्रिया को सरल, त्वरित और प्रभावी बनाने में सहयोग करें।





