जन्माष्टमी पर राधा-कृष्ण के रंग में रंगा केएम टैंक शिव मंदिर परिसर, नन्हे बच्चों ने किया डांडिया और मटकी फोड़
सिंड्रेला इंग्लिश स्कूल के करीब 180 बच्चों ने लिया हिस्सा, 200 से अधिक अभिभावक रहे मौजूद
दरभंगा। श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन अवसर पर सिंड्रेला इंग्लिश स्कूल परिवार की ओर से केएम टैंक शिव मंदिर परिसर में भव्य एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्कूल के नन्हे-मुन्ने बच्चे राधा-कृष्ण का मनमोहक रूप धारण कर पहुंचे और कृष्ण-राधा से जुड़े गीतों पर नृत्य, डांडिया सहित विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं।
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कार्यक्रम में प्ले ग्रुप, नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी के करीब 180 बच्चों ने हिस्सा लिया। इनमें लगभग 90 बच्चे राधा और 90 बच्चे कृष्ण के रूप में सजकर कार्यक्रम में शामिल हुए। नन्हे बच्चों की आकर्षक वेशभूषा और मासूम प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में मौजूद अभिभावकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम में 200 से अधिक अभिभावकों की मौजूदगी रही।
बच्चों ने कृष्ण-राधा से जुड़े गीतों पर शानदार नृत्य और डांडिया प्रस्तुत किया। इसके साथ ही जन्माष्टमी पर्व की पारंपरिक झलक दिखाते हुए मटकी फोड़ कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। बच्चों की प्रस्तुतियों के दौरान पूरा परिसर उत्साह और उमंग से भर गया।
15 वर्षों से निभाई जा रही परंपरा
सिंड्रेला इंग्लिश स्कूल के प्राचार्य पवन कुमार राय ने मीडिया से बातचीत में बताया कि स्कूल परिवार की ओर से जन्माष्टमी के अवसर पर करीब 15 वर्षों से केएम टैंक शिव मंदिर परिसर में इस तरह के कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में हर वर्ष छोटे-छोटे बच्चे राधा-कृष्ण का रूप धारण कर पहुंचते हैं और नृत्य, डांडिया तथा मटकी फोड़ जैसी गतिविधियों में हिस्सा लेते हैं। इसका उद्देश्य बच्चों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ना तथा हमारी सांस्कृतिक विरासत को बचाए रखना है।
प्राचार्य ने बताया कि इस वर्ष भी कार्यक्रम काफी भव्य रहा और बच्चों के साथ बड़ी संख्या में अभिभावकों ने इसमें हिस्सा लेकर उनका उत्साह बढ़ाया।
बच्चों ने राधा-कृष्ण बनकर मनाया जन्माष्टमी
स्कूल की अकादमिक इंचार्ज तरुण दास ने बताया कि हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी जन्माष्टमी के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि स्कूल के बच्चे राधा-कृष्ण बनकर आते हैं और भगवान कृष्ण एवं राधा से जुड़े गीतों पर नृत्य करते हैं।

उन्होंने बताया कि कार्यक्रम में डांडिया, नृत्य और मटकी फोड़ सहित कई गतिविधियां आयोजित की गईं। करीब 15 वर्षों से यह आयोजन लगातार किया जा रहा है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से बच्चों को भारतीय संस्कृति, पर्व-त्योहारों और पारंपरिक मूल्यों से परिचित कराने का प्रयास किया जाता है।
निदेशक ने दी बच्चों और जिलावासियों को शुभकामनाएं
इस अवसर पर सिंड्रेला इंग्लिश स्कूल के निदेशक पंकज कुमार ने जन्माष्टमी कार्यक्रम में शामिल सभी नन्हे-मुन्ने बच्चों, राधा-रानी एवं भगवान कृष्ण का रूप धारण करने वाले बच्चों, अभिभावकों तथा समस्त जिलावासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।

उन्होंने कहा कि जन्माष्टमी केवल एक पर्व नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति, आस्था और परंपराओं से जुड़ा महत्वपूर्ण अवसर है। बच्चों को ऐसे आयोजनों के माध्यम से अपनी संस्कृति और परंपराओं को समझने तथा उससे जुड़ने का अवसर मिलता है। उन्होंने कार्यक्रम में बच्चों के उत्साह और शानदार प्रस्तुतियों की सराहना की।
नन्हे कलाकारों ने जीता सबका दिल
कार्यक्रम के दौरान राधा-कृष्ण के रूप में सजे नन्हे बच्चों की प्रस्तुतियां आकर्षण का मुख्य केंद्र रहीं। बच्चों के डांडिया नृत्य, कृष्ण-राधा से जुड़े गीतों और मटकी फोड़ कार्यक्रम को अभिभावकों ने खूब सराहा।
🔴 मुख्य बातें
- केएम टैंक शिव मंदिर परिसर में जन्माष्टमी समारोह आयोजित हुआ।
- सिंड्रेला इंग्लिश स्कूल के करीब 180 बच्चों ने कार्यक्रम में हिस्सा लिया।
- लगभग 90 बच्चे राधा और 90 बच्चे कृष्ण के रूप में सजे।
- 200 से अधिक अभिभावक कार्यक्रम में मौजूद रहे।
- बच्चों ने नृत्य, डांडिया और मटकी फोड़ कार्यक्रम में हिस्सा लिया।
- स्कूल परिवार की ओर से करीब 15 वर्षों से यह आयोजन किया जा रहा है।
- कार्यक्रम का उद्देश्य बच्चों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ना बताया गया।
स्कूल परिवार की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम ने न केवल बच्चों को मंच पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर दिया, बल्कि भारतीय संस्कृति और जन्माष्टमी की पारंपरिक विरासत को नई पीढ़ी से जोड़ने का सुंदर संदेश भी दिया। कार्यक्रम का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ और पूरे परिसर में जन्माष्टमी की खुशियां देखने को मिलीं।






