दरभंगा के सोनकी पंचायत में जीविका-सुधा विक्रय केंद्र का शुभारंभ, गांव-गांव पहुंचेगा सुधा का उत्पाद
डीएम कौशल कुमार ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर किया उद्घाटन, सात निश्चय-3 के तहत पंचायत स्तर पर रोजगार और सुधा उत्पादों की उपलब्धता बढ़ाने की पहल
दरभंगा, 29 अगस्त 2026। दरभंगा जिले में ग्रामीण क्षेत्रों तक सुधा के दूध एवं अन्य दुग्ध उत्पादों की आसान उपलब्धता सुनिश्चित करने और जीविका दीदियों के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है।
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जिलाधिकारी दरभंगा श्री कौशल कुमार ने सदर प्रखंड अंतर्गत सोनकी पंचायत में जीविका-सुधा विक्रय केंद्र का फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर विधिवत उद्घाटन किया।
उद्घाटन के बाद जिलाधिकारी ने विक्रय केंद्र का निरीक्षण किया और वहां उपलब्ध सुधा उत्पादों के संबंध में जानकारी प्राप्त की।
सात निश्चय-3 के तहत पंचायतों में खुलेंगे जीविका-सुधा केंद्र
बिहार सरकार की महत्वाकांक्षी योजना सात निश्चय-3 के तहत राज्य की सभी पंचायतों में सुधा विक्रय केंद्र खोलने के संकल्प के तहत सुधा एवं जीविका के संयुक्त प्रयास से जीविका-सुधा विक्रय केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं।

इस पहल के तहत प्रत्येक पंचायत में विक्रय केंद्र के लिए स्थान एवं जीविका दीदी का चयन जीविका द्वारा किया जाएगा। चयनित जीविका दीदी को सुधा का रिटेलर बनाया जाएगा।
इसके बाद सुधा डेयरी द्वारा चयनित केंद्रों पर विभिन्न सुधा उत्पादों की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को स्थानीय स्तर पर दूध एवं अन्य दुग्ध उत्पाद आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे।
सोनकी पंचायत में जिले का पहला जीविका-सुधा विक्रय केंद्र
दरभंगा जिले में इस पहल के तहत अब तक 266 पंचायतों में जीविका दीदियों के चयन की प्रक्रिया की जा रही है।
सोनकी पंचायत में जिले का पहला जीविका-सुधा विक्रय केंद्र जीविका दीदी आरती देवी, पति श्री अनिल पंजीयार को प्रदान किया गया है।
इस केंद्र के माध्यम से सोनकी पंचायत एवं आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में सुधा के विभिन्न उत्पाद स्थानीय स्तर पर उपलब्ध होंगे।
साथ ही चयनित जीविका दीदी को स्वरोजगार एवं आय का नया माध्यम प्राप्त होगा।
जीविका दीदियों को मिलेगा रोजगार, गांव-गांव पहुंचेगा सुधा का उत्पाद
उद्घाटन के बाद जिलाधिकारी श्री कौशल कुमार ने जीविका दीदियों को संबोधित करते हुए कहा कि सुधा एवं जीविका के संयुक्त रूप से कार्य करने से एक ओर जीविका दीदियों को रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे, वहीं दूसरी ओर सुधा के गुणवत्तापूर्ण उत्पाद गांव-गांव तक आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे।

डीएम ने कहा कि जीविका-सुधा विक्रय केंद्र ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने जीविका दीदियों से विक्रय केंद्र का बेहतर संचालन करने और अधिक से अधिक ग्रामीण उपभोक्ताओं तक सुधा उत्पादों की उपलब्धता सुनिश्चित करने की अपील की।
दूध उत्पादन से बिक्री तक जुड़ सकती हैं जीविका दीदियां
सुधा डेयरी के प्रबंध निदेशक श्री आर.के. झा ने जीविका दीदियों को अधिक से अधिक संख्या में सुधा से जुड़ने की अपील की।
उन्होंने कहा कि जीविका दीदियां दूध उत्पादन से लेकर दूध के संग्रहण, विपणन एवं बिक्री तक की पूरी प्रक्रिया में अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर सकती हैं।
इससे ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिलने के साथ-साथ दुग्ध व्यवसाय को भी मजबूती मिलने की बात कही गई।
उन्होंने कहा कि जीविका एवं सुधा के बीच बेहतर समन्वय से ग्रामीण क्षेत्रों में दुग्ध उत्पादन और दुग्ध उत्पादों के विपणन को नई गति मिल सकती है।
विक्रय केंद्र के संचालन की दी गई जानकारी
कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों द्वारा जीविका दीदियों को विक्रय केंद्र के संचालन, सुधा उत्पादों की आपूर्ति और बिक्री से संबंधित आवश्यक जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने केंद्र के बेहतर संचालन तथा ग्रामीण उपभोक्ताओं तक सुधा उत्पादों की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने को लेकर भी आवश्यक जानकारी साझा की।
कार्यक्रम में ये अधिकारी रहे मौजूद
उद्घाटन कार्यक्रम में सुधा डेयरी के प्रबंध निदेशक श्री आर.के. झा, सुधा डेयरी दरभंगा के प्रभारी पदाधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र प्रसाद सिंह, विपणन प्रभारी श्री मो. खुर्शीद आलम, डीपीएम जीविका डॉ. ऋचा गार्गी, श्रेया शर्मा सहित जीविका एवं सुधा डेयरी के अन्य पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में जीविका दीदियां उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम में श्री रौशन झा, श्री प्रतीक सुमन, श्री रितेश झा एवं श्री शिवचन्द्र यादव सहित जीविका एवं सुधा डेयरी के कर्मी भी मौजूद थे।
📌 मुख्य बातें
- सोनकी पंचायत में जीविका-सुधा विक्रय केंद्र का उद्घाटन।
- डीएम कौशल कुमार ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर किया शुभारंभ।
- सोनकी में शुरू हुआ दरभंगा जिले का पहला जीविका-सुधा विक्रय केंद्र।
- सात निश्चय-3 के तहत पंचायत स्तर पर ऐसे केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं।
- दरभंगा की 266 पंचायतों में जीविका दीदियों के चयन की प्रक्रिया जारी।
- आरती देवी को सोनकी पंचायत के विक्रय केंद्र की जिम्मेदारी दी गई।
- ग्रामीण क्षेत्रों में सुधा के दूध एवं अन्य उत्पाद स्थानीय स्तर पर मिलेंगे।
- जीविका दीदियों को रोजगार एवं स्वरोजगार का नया अवसर मिलेगा।
- दूध उत्पादन, संग्रहण, विपणन एवं बिक्री में जीविका दीदियों की सहभागिता पर जोर।
- जीविका-सुधा केंद्रों से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की उम्मीद।
🌾 ग्रामीण महिलाओं के लिए रोजगार की नई राह
जीविका-सुधा विक्रय केंद्रों की पहल से ग्रामीण क्षेत्रों में एक ओर उपभोक्ताओं को सुधा उत्पाद आसानी से उपलब्ध होने की उम्मीद है, वहीं दूसरी ओर जीविका दीदियों को स्थानीय स्तर पर व्यवसाय और आय का अवसर मिलेगा।
सुधा एवं जीविका के बीच समन्वय से दूध और दुग्ध उत्पादों की आपूर्ति व्यवस्था को गांवों तक मजबूत करने के साथ ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक भागीदारी बढ़ाने पर भी जोर दिया जा रहा है।



