पत्रकारिता का स्वरूप बदल रहा, संगोष्ठी में उठे सवाल और समाधान
पत्रकारिता के आयाम बदलें, पर आत्मा नहीं — प्रो. देव नारायण झा दरभंगा में संगोष्ठी, दिग्गजों ने रखे विचार — पत्रकारिता के बदलते स्वरूप पर गहन मंथन पत्रकारिता बदले तो भी उसकी आत्मा और मूल सिद्धांत बने रहें — प्रो. झा सोशल मीडिया के दौर में निष्पक्षता, सटीकता और स्वतंत्रता बनी रहे जरूरी “रेडियो ने आवाज दी, टीवी ने चेहरा, इंटरनेट ने पंख” — विष्णु झा RxTv भारत , ब्यूरो दरभंगा –– पत्रकारिता चाहे जितनी आधुनिक क्यों न हो जाए, उसकी आत्मा वही रहनी चाहिए — यह विचार बिहार के प्रतिष्ठित कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. देव नारायण झा ने व्यक्त किए। वे स्व. राम गोविंद…

