बिहार में नियोजित शिक्षकों के प्रमाण पत्र जांच में बड़ा खुलासा
6.67 लाख प्रमाण पत्रों की जांच, अब तक 1748 शिक्षकों पर दर्ज हुई FIR
RxTv BHARAT | पटना | 08 मार्च 2026
माननीय उच्च न्यायालय, पटना के निर्देश पर वर्ष 2006 से 2015 तक नियुक्त नियोजित शिक्षक एवं शिक्षिकाओं के
शैक्षणिक और प्रशिक्षण प्रमाण पत्रों की जांच निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, बिहार द्वारा की जा रही है।
यह जांच सीडब्ल्यूजेसी संख्या 15459/2014 (रंजीत पंडित एवं अन्य बनाम बिहार सरकार) तथा निगरानी जांच संख्या बीएस-08/15 के तहत संचालित है।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार 28 फरवरी 2026 तक कुल 6,67,144 प्रमाण पत्रों का सत्यापन किया जा चुका है।
जांच के दौरान कई मामलों में शैक्षणिक और प्रशिक्षण प्रमाण पत्र फर्जी पाए गए हैं। ऐसे मामलों में कार्रवाई करते हुए विभिन्न जिलों में अब तक 1,748 नियोजित शिक्षक और शिक्षिकाओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
वहीं वर्ष 2026 में भी यह कार्रवाई जारी है।
जनवरी 2026 से 28 फरवरी 2026 तक सत्यापन के बाद
फर्जी अंकपत्र और प्रमाण पत्र पाए जाने पर 31 शिक्षकों के खिलाफ अलग-अलग जिलों में FIR दर्ज की गई है।
निगरानी विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच और सत्यापन की प्रक्रिया लगातार जारी है और जिन मामलों में प्रमाण पत्र फर्जी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Bihar Teacher Certificate Verification: 6.67 Lakh Checked, 1748 FIR Over Fake Documents




